
जन जन तक संदेश न्यूज़/गजाधर पैंकरा
जशपुर नगर। जशपुर पुलिस ने गौ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत बड़ी सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई में दो मुख्य आरोपियों, मोहम्मद नवाब खान और मोहम्मद मुस्तकीम खान को गिरफ्तार किया गया है और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा गया। यह कार्रवाई सिटी कोतवाली जशपुर पुलिस द्वारा की गई। पुलिस के अनुसार यह मामला 6 जनवरी 2026 का है। सिटी कोतवाली जशपुर को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम डूमरटोली के जंगल मार्ग से बड़ी संख्या में गौवंशों को बेरहमी से पीटते हुए झारखंड राज्य की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलने के तुरंत बाद वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया और एक पुलिस टीम मौके पर भेजी गई।
बता दें कि, डूमरटोली जंगल में दबिश के दौरान पुलिस टीम ने 10 गौवंशों को सुरक्षित बरामद किया। पुलिस को देख एक संदिग्ध तस्कर जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गया। बाद में उसकी पहचान अजीत राम (38 वर्ष), निवासी ग्राम डूमरटोली के रूप में हुई और उसे उसके घर से गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में अजीत राम ने अपने साथी राजेश्वर राम के साथ-साथ गौवंश के मालिक नवाब खान और मुस्तकीम खान के नाम बताए। पुलिस ने उसी दौरान राजेश्वर राम को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। लेकिन दोनों मुख्य आरोपियों नवाब खान और मुस्तकीम खान तब से फरार चल रहे थे।
वहीं, फरार आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस ने मुखबिर तंत्र और साइबर सेल की मदद ली।जांच के दौरान जानकारी मिली कि दोनों आरोपी जशपुर क्षेत्र में ही छिपे हुए हैं। पुलिस ने अलग-अलग स्थानों से नवाब खान उर्फ मनुव्वर खान (38 वर्ष), निवासी आजाद मोहल्ला, जशपुरनगर और मुस्तकीम खान (48 वर्ष), निवासी मधुवनटोली, जशपुरनगर को हिरासत में लिया। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपने हांकरों के माध्यम से गौवंशों को झारखंड की ओर तस्करी करना स्वीकार किया। इसके आधार पर थाना सिटी कोतवाली जशपुर में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6 और 10 के तहत अपराध दर्ज किया गया। आरोपियों को 13 जनवरी 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
ज्ञात हो कि, इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बताया कि ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत पूरे जिले में गौ तस्करी और अवैध परिवहन पर निगरानी बढ़ा दी गई है। स्थानीय लोगों और मुखबिरों की मदद से तस्करी के मामलों की तुरंत पहचान कर कार्रवाई की जा रही है।
वहीं, जशपुर पुलिस ने बताया कि अब तक इस ऑपरेशन के तहत दर्जनों तस्करों और उनके सहयोगियों को चिन्हित किया गया है और कई तस्करों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि गौ तस्करी एक गंभीर अपराध है, जो न केवल पशु कल्याण के नियमों का उल्लंघन है बल्कि सामाजिक और धार्मिक दृष्टि से भी आपत्तिजनक है।
दरअसल, इसलिए इस प्रकार के मामलों में त्वरित और कड़ी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने स्थानीय निवासियों से अपील की कि वे किसी भी संदेहास्पद गतिविधि की सूचना पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। जशपुर में ‘ऑपरेशन शंखनाद’ की सफलता से जिले में गौ तस्करी पर रोक लगाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है।
फिलहाल, पुलिस ने यह भी आश्वासन दिया कि भविष्य में ऐसी अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए निरंतर निगरानी और सतर्कता बढ़ाई जाएगी। इस अभियान के तहत गिरफ्तार आरोपी नवाब खान और मुस्तकीम खान की न्यायिक हिरासत सुनिश्चित कर दी गई है और पुलिस आगे की जांच कर रही है ताकि तस्करी के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। इस तरह की कार्रवाई से न केवल गौवंशों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी, बल्कि तस्करों में भी भय और चेतावनी का संदेश जाएगा।










