History 26 May : 30 साल बाद भारत में बनी थी पूर्ण बहुमत की सरकार, PM मोदी से जुड़ा है खास इतिहास..जानें और प्रमुख घटनाएं

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History 26 May: “मैं…नरेंद्र दामोदर दास मोदी…” आज ही के दिन साल 2014 में नई दिल्ली के राष्ट्रपति भवन से ये शब्द पूरे देश ने सुने थे. यानी आज से ठीक 10 साल पहले 26 मई 2014 को नरेंद्र मोदी ने भारत के 15वें प्रधानमंत्री के तौर पर शपथ ली थी.

2014 के लोकसभा चुनाव में 30 साल बाद पहली बार किसी पार्टी को पूर्ण बहुमत मिला था. बीजेपी अकेले 282 सीट पाकर सबसे बड़ी पार्टी मिली थी. जबकि सहयोगियों के साथ बीजेपी की अगुवाई वाले एनडीए गठबंधन को 336 सीटों पर जीत मिली थी.


2014 से पहले 1984 में पीएम इंदिरा गांधी की हत्या के बाद हुए चुनाव में कांग्रेस पार्टी 400 से ज्यादा सीटें जीतने में कामयाब हुई थी. इसके बाद अगले 30 साल तक देश में गठबंधन की अलग-अलग सरकारें बनीं. 2014 के चुनाव में देशभर में मोदी लहर ऐसी चली कि पहली बार बीजेपी अपने दम पर पूर्ण बहुमत पाने में कामयाब हो गई. आजादी के बाद 2014 के लोकसभा चुनाव में पहली बार ऐसा मौका भी आया जब कांग्रेस पार्टी 100 सीटें भी हासिल नहीं कर पाई.

बात अगर 2014 के चुनावी नतीजों की करें तो बीजेपी की अगुवाई वाले गठबंधन को 336 सीटें मिली थीं. वहीं कांग्रेस की अगुवाई वाला यूपीए 2014 के चुनाव में सिर्फ 60 सीटों पर ही सिमट कर रह गया था. इन चुनाव में पहली बार ऐसा मौका आया जब कांग्रेस पार्टी 50 से भी कम यानी सिर्फ 44 सीटें जीत पाई और उसे देश की मुख्य विपक्षी पार्टी होने का दर्जा भी नहीं मिला था.

1999: ISRO ने अंतरिक्ष के क्षेत्र में रचा था इतिहास
26 मई की ये तारीख अंतरिक्ष के क्षेत्र में भारत की बड़ी कामयाबी के लिए भी काफी अहम है. इससे पहले अंतरिक्ष के क्षेत्र में सिर्फ अमेरिका, रूस जैसे देशों का दबदबा था. लेकिन धीरे-धीरे भारत भी अंतरिक्ष की एक मजबूत शक्ति के तौर पर उभरा. 26 मई 1999 को भारत ने अंतरिक्ष के क्षेत्र में बड़ी छलांग लगाई. ISRO ने भारत, जर्मनी और दक्षिण कोरिया के तीन उपग्रहों को सफलतापूर्वक अंतरिक्ष की कक्षा में स्थापित कर एक नया इतिहास रच दिया था.

2010: नाजायज बच्चों को पैतृक संपत्ति का मिला था हक
साल 2010 में आज ही के दिन सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला आया था. भारत के टॉप कोर्ट ने शादी किए बगैर एक साथ रहने वाले कपल्स के अवैध बच्चों को भी अपने मां-बाप की पैतृक सम्पत्ति में हिस्सा पाने का अधिकार दिया था.

सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि ऐसे बच्चों को भी वैध कानूनी वारिसों के साथ बराबर का हिस्सा दिया जाएगा.

बता दें कि अब तक ऐसी संतानों को माता- पिता की स्वत: अर्जित संपत्ति में ही हिस्सा मिलता था. लेकिन पैतृक संपत्ति में हिस्सा नहीं मिलता था. इसलिए सुप्रीम कोर्ट ने हिंदू मैरिज एक्ट की धारा 16(3) का दायरा बढ़ाया. 11 साल बाद सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले का निपटारा करते हुए ये फैसला सुनाया था.

भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की पीठ हिंदू विवाह अधिनियम 1955 की धारा 16(3) के दायरे के संबंध में रेवनासिद्दप्पा बनाम मल्लिकार्जुन (2011) 11 SCC 1 के संदर्भ पर सुनवाई कर रही थी.


26 मई का इतिहास-

1739 – मुगल सम्राट मोहम्मद शाह और ईरान के नादिर शाह बीच समझौते पर हस्ताक्षर करने के बाद अफगानिस्तान भारतीय साम्राज्य का हिस्सा नहीं रहा

1822 – नार्वे में चर्च में आग लगने से 122 लोगों की मौत

1912 – प्रसिद्ध क्रांतिकारी छगनराज चौपासनी वाला का जन्म

1926 – लेबनान ने संविधान अपनाया

1937 – दक्षिण भारतीय सिनेमा की मशहूर हास्य अभिनेत्री मनोरमा का जन्म

1946 – सामाजिक कार्यकर्ता और राजनीतिज्ञ अरुणा रॉय का जन्म

1950 – ब्रिटेन में पेट्रोल खरीदने पर लगी सीमा को समाप्त किया गया

1969 – अपोलो 10 के अंतरिक्ष यात्री पृथ्वी पर लौटे

1983 – बीजिंग ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता पहलवान सुशील कुमार का जन्म

1986 – हिंदी साहित्य के प्रसिद्ध कथाकार, गीतकार, समीक्षक और राजनेता श्रीकांत वर्मा का निधन

1999 – इसरो ने भारत, जर्मनी और दक्षिण कोरिया के तीन उपग्रहों को सफलतापूर्वक अंतरिक्ष की कक्षा में स्थापित किया

2002 – चीन का विमान समुद्र में गिरने से 225 लोगों की मौत

2007 – भारत और जर्मनी की बीच रक्षा समझौता संपन्न हुआ

2008 – उत्तर प्रदेश सरकार ने अनाज और खाद्य तेलों की स्टॉक सीमा तय करने के संबंध में अधिसूचना जारी की

2014 – भारतीय जनता पार्टी के नेता नरेन्द्र मोदी ने भारत के 15वें प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली

2017 – पंजाब के बहुचर्चित पूर्व पुलिस महानिदेशक के. पी. एस. गिल का निधन

2018 – दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून-जाए-इन ने उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन के साथ दोनों देशों के बीच सैन्य रहित क्षेत्र के सम्बंध में मुलाकात की.

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