
Chhattisgarh News/रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रायपुर स्थित इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैबोरेटरी (IPHL) को नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टैंडर्ड (NQAS) सर्टिफिकेशन मिलने पर प्रदेशवासियों को बधाई दी है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर ट्वीट करते हुए इसे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का क्षण बताया और कहा कि यह उपलब्धि राज्य की आधुनिक, तकनीक-सक्षम और विश्वस्तरीय स्वास्थ्य अवसंरचना का सशक्त प्रमाण है।
ज्ञात हो कि, मुख्यमंत्री साय ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। IPHL रायपुर को मिला NQAS सर्टिफिकेशन इस दिशा में किए गए सतत प्रयासों का परिणाम है। इससे यह स्पष्ट होता है कि प्रदेश में स्वास्थ्य जांच, रोग निदान और प्रयोगशाला सेवाएं राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप संचालित की जा रही हैं।
वहीं, उन्होंने विश्वास जताया कि इस प्रमाणन से आम नागरिकों को सटीक, समयबद्ध और भरोसेमंद जांच सुविधाएं और अधिक सुलभ होंगी। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार के संकल्प का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर यह सुनिश्चित कर रही हैं कि हर नागरिक तक गुणवत्तापूर्ण जांच एवं उपचार की सहज पहुंच हो।
दरअसल, IPHL जैसी उन्नत प्रयोगशालाएं इस लक्ष्य को प्राप्त करने में अहम भूमिका निभा रही हैं। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार NQAS सर्टिफिकेशन प्राप्त करने के लिए प्रयोगशाला को गुणवत्ता प्रबंधन, तकनीकी दक्षता, सुरक्षा मानक, मानव संसाधन, उपकरणों की सटीकता और रिपोर्टिंग प्रणाली जैसे कई कठोर मापदंडों पर खरा उतरना पड़ता है। IPHL रायपुर ने इन सभी मानकों को सफलतापूर्वक पूरा कर यह उपलब्धि हासिल की है।
फिलहाल, राज्य सरकार का मानना है कि इस प्रमाणन से न केवल प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं पर जनता का भरोसा बढ़ेगा, बल्कि छत्तीसगढ़ को स्वास्थ्य के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में स्थापित करने में भी मदद मिलेगी। आने वाले समय में सरकार अन्य जिलों में भी स्वास्थ्य प्रयोगशालाओं और चिकित्सा संस्थानों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने की दिशा में कार्य करेगी।


















